Link copied!
Sign in / Sign up
25
Shares

गर्भावस्था के दौरान शिशु के स्वस्थ होने के संकेत


गर्भावस्था हर महिला के जीवन का एक बहुत ही महत्वपूर्ण और कभी ना भूलने वाला वक़्त होता है। यह वो दौर होता है जब महिला खुश और चिंतित दोनों होती है, एक तरफ आने वाले नन्हें मेहमान की खुशी और दूसरी तरफ उसको सही-सलामत रखने की चिंता। ऐसे में महिला कहीं ना कहीं ये सोचते रहती है कि उनके गर्भ में पल रहा शिशु सुरक्षित है या नहीं। इसके लिए उन्हें नियमित स्कैन और अल्ट्रासाउंड करवाना पड़ता है, हालांकि कभी-कभी इतना कुछ करने के बाद भी गर्भ में शिशु का विकास रुक जाता है, जिसके बारे में माँ समझ नहीं पाती। इसलिए कुछ संकेतों की जानकारी रखनी चाहिए, जिससे कि पता चल सके की गर्भ में शिशु सुरक्षित है और उसका सही विकास हो रहा है। आज इस ब्लॉग के ज़रिये हम ऐसे ही कुछ संकेतों के बारे में आपको बता रहे हैं। ध्यान दें इन संकेतों पर।

1. पेट के आकार में बदलाव

प्रेगनेंसी के दौरान महिला के पेट के आकार में बदलाव होते हैं। जब महिला के पेट का आकार बढ़ता है तो यह स्वस्थ गर्भावस्था की निशानी है, क्योंकि जब गर्भ में शिशु का विकास होता है तब महिला के पेट का आकार भी बढ़ता है। जैसे-जैसे पेट का आकार बढ़ेगा इसका मतलब होगा आपके शिशु का सही विकास हो रहा है।

2. वज़न बढ़ना

गर्भावस्था के दौरान महिला का वज़न बढ़ना बहुत ज़रूरी होता है, क्योंकि इसी से शिशु के विकास का पता चलता है। प्रेगनेंसी के दौरान महिला का 10 से 15 किलो वज़न बढ़ता है तो यह एक स्वस्थ गर्भावस्था की निशानी है। जैसे-जैसे गर्भ में शिशु का विकास होगा वैसे-वैसे महिला के वज़न में वृद्धि होगी।

3. गर्भ में शिशु की हलचल

गर्भ में शिशु का हलचल करना बहुत ज़रूरी होता है, क्योंकि इसी से शिशु के सही विकास का पता चलता है। किक मारना, हिचकी लेना, शिशु की ये छोटी-छोटी हरकतें इस बात का सुबूत है कि गर्भ में आपका शिशु स्वस्थ है। एक होने वाली माँ के लिए शिशु के मूवमेंट्स का एहसास बहुत ही अनमोल होता है, जिसे वो शब्दों में बयां नहीं कर सकती है। यह शिशु का माँ से जुड़ने का भी एक खूबसूरत तरीका है।

4. मॉर्निंग सिकनेस और ब्रेस्ट के आकार में परिवर्तन

गर्भावस्था के दौरान मितली आना मॉर्निंग सिकनेस होना आम बात होती है। किसी महिला को ज़्यादा होता है, किसी को कम। लेकिन, अगर महिला को बिल्कुल ही ना हो तो यह एक चिंता का विषय हो सकता है । इसके अलावा गर्भावस्था के दौरान महिला के ब्रेस्ट के आकार में भी परिवर्तन होता है, जो कि हार्मोन्स में बदलाव की निशानी है और स्वस्थ भ्रूण के संकेतों में से एक है।

5. प्रसव के कुछ वक़्त पहले हलचल कम हो जाना

जैसे-जैसे प्रसव का वक़्त निकट आता है, वैसे-वैसे शिशु की हलचल थोड़ी कम होने लगती है, जिसके लिए आपको घबराने की ज़रूरत नहीं है क्योंकि यह स्वाभाविक और सामान्य है। इसका एक कारण यह है कि शिशु अपने आप को डिलीवरी के लिए तैयार करने लगता है और वो पेल्विस छोड़ने लगता है। लेकिन, अगर आपको शिशु के धड़कन में कोई कमी महसूस होती है या शिशु कुछ ज़्यादा ही सुस्त महसूस हो रहा है तो एक बार डॉक्टर से ज़रूर संपर्क करें।

ये कुछ संकेत हैं जिससे आप गर्भ में शिशु के सुरक्षित होने का पता कर सकते हैं, हालांकि हर महिला की गर्भावस्था एक जैसी नहीं होती इसलिए आप इस मामले में एक बार अपने डॉक्टर से बात ज़रूर करें। इसके साथ ही साथ डॉक्टर  से रेगुलर चेकअप कराएं। हमेशा याद रखें आपके और आपके शिशु के स्वास्थ्य की ज़िम्मेदारी आप पर है इसलिए प्रेगनेंसी के दौरान किसी भी छोटी से छोटी चीज़ को भी अनदेखा ना करें। तनाव से दूर रहें, खुश रहें और शिशु को स्वस्थ रखें।

हैप्पी प्रेगनेंसी !

Click here for the best in baby advice
What do you think?
0%
Wow!
0%
Like
0%
Not bad
0%
What?
scroll up icon